Firecrackers Directions In Chandigarh| चंडीगढ़ में पटाखे फोड़ने को लेकर निर्देश जारी, दशहरे पर अनुमति नहीं, दिवाली पर समय तय
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चंडीगढ़ में पटाखे फोड़ने पर जारी हुए निर्देश; दशहरे से लेकर दिवाली तक, इन पाबंदियों को नहीं माना तो कार्रवाई हो जाएगी, SHO भी नपेंगे

Diwali Firecrackers Directions In Chandigarh Administration

Diwali Firecrackers Directions In Chandigarh Administration

Diwali Firecrackers Directions In Chandigarh: कुछ दिनों बाद दशहरे का त्योहार है और फिर इसके बाद दिवाली आएगी। दोनों ही त्योहारों पर पटाखे खूब फोड़े जाते हैं। जिससे प्रदूषण काफी ज्यादा बढ़ जाता है और परेशानी पैदा हो जाती है। इसीलिए चंडीगढ़ में पटाखे फोड़ने को लेकर अहम निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इन निर्देशों का पालन करना हर हाल में अनिवार्य होगा। वरना फिर कार्रवाई की जाएगी।

बता दें कि, चंडीगढ़ प्रशासन ने शहर में सिर्फ सर्टिफाइड ग्रीन पटाखे बेचने और उपयोग करने को कहा है। ग्रीन पटाखों के अलावा और किसी तरह के पटाखे न बेचे जा सकेंगे और न उपयोग किए जाएंगे। यहां तक कि, प्रशासन ने सभी ई-कामर्स वेबसाइट जैसे फ्लिपकार्ट, अमेज़न इत्यादि को चंडीगढ़ में पटाखों का ऑनलाइन ऑर्डर मंजूर न करने की हिदायत दी है। यानि ये ई-कामर्स वेबसाइटस चंडीगढ़ में पटाखों को बेचने का ऑनलाइन ऑर्डर नहीं ले पाएंगी। प्रशासन ने कहा कि, शहर में केवल वही पटाखे बेच पाएंगे जिन्हें लाइसेन्स मिला होगा।

दशहरे पर पुतलों में भरे जाएं ग्रीन पटाखे

प्रशासन का कहना है कि, दशहरे के त्योहार पर रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के जो पुतले तैयार किए जा रहे हैं। उनमें केवल ग्रीन पटाखे ही भरे जाएं। प्रशासन ने कहा कि, शहर के जिस भी क्षेत्र में पुतले बनाए जा रहे हैं वहां उक्त क्षेत्र के एसएचओ को यह सुनिक्षित करना होगा कि पुतलों में ग्रीन पटाखों के अलावा और किसी तरह के पटाखे तो नहीं भरे गए हैं। इसके अलावा दशहरे पर और कोई भी व्यक्ति पटाखे नहीं फोड़ेगा। दशहरे पर पटाखे फोड़ने की अनुमति नहीं होगी।

दिवाली पर रात 8 बजे से 10 बजे तक ही पटाखे फोड़े जा सकेंगे

चंडीगढ़ प्रशासन ने दिवाली पर पटाखों को फोड़ने का समय भी तय किया है। प्रशासन के निर्देश के अनुसार, दिवाली पर रात 8 बजे से रात 10 बजे तक ही पटाखे फोड़े जा सकेंगे। यानि इस समय के बीच केवल दो घंटे पटाखे चला सकते हैं। वहीं दिवाली के अलावा श्री गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व दिवस सुबह 4 बजे से सुबह 5 बजे तक और रात में 9 से 10 बजे तक एक घंटे के लिए पटाखे चलाने की अनुमति होगी।

साइलेंस जोन में पटाखे फोड़ने की अनुमति नहीं

चंडीगढ़ प्रशासन ने साइलेंस जोन में पटाखे फोड़ने की अनुमति नहीं दी है। प्रशासन का कहना है कि, अस्पताल, नर्सिंग होम और अन्य हेल्थ केयर सेंटर व शैक्षिक संस्थानों, कोर्ट और धार्मिक स्थानों के साथ-साथ ऐसा कोई भी स्थान जो साइलेंस जोन में आता है वहां से लगभग 100 मीटर की दूरी के दायरे तक पटाखे फोड़ने की अनुमति नहीं होगी।

प्रशासन ने सभी संबन्धित विभागों को उक्त निर्देशों की पालना कराने को कहा है। विषेशरूप से पुलिस को यह सुनिक्षित करने को कहा गया है कि, निर्देशों की अपालना न होने पाये। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया अगर शहर के किसी क्षेत्र में निर्देशों की पालना नहीं होती है तो उक्त क्षेत्र के एसएचओ को इसके लिए व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार माना जाएगा। प्रशासन ने कहा कि, निर्देशों की पालन न करने वालों पर आईपीसी के साथ अन्य अधिनियमों में तत्काल कड़ी कार्रवाई की जाये। इसके अलावा प्रशासन ने जनसम्पर्क विभाग को एक व्यापक जागरूकता आभियान चलाने को भी कहा है जिसमें पटाखे फोड़ने के गंभीर परिणामों के बारे में बताया जाये।

प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर की दुहाई दी

बता देंकि, चंडीगढ़ प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर की दुहाई दी है। सुप्रीम कोर्ट ने साल 2018 में ग्रीन पटाखों को ही बेचने और उपयोग करने का ऑर्डर दिया था। सुप्रीम कोर्ट और नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने बढ़ते प्रदूषण पर काफी चिंता जताई थी। बता दें कि, सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर के बाद से ही किसी राज्य सरकार/प्रशासन द्वारा पटाखों को लेकर निर्देश जारी किया जा रहा है।

दरअसल, पटाखों से भारी मात्रा में प्रदूषण फैलता है जो कि कई दिनों तक हवा के बीच से नहीं जाता और ऐसे में बीमार लोगों को जटिल समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इसके साथ ही धुंध भी फ़ैल जाती है। इसीलिए दिल्ली में तो पटाखों पर बैन ही रहता है। सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया है कि दिल्ली में पटाखों पर लगा प्रतिबंध नहीं हटाया जाए. बतादें कि, दिल्ली में प्रदूषण की मात्रा वैसे ही बहुत ज्यादा है और ऐसे में पटाखों के चलते दिल्ली का हाल काफी बुरा हो जाता है।